भारत की बेटी ने रचा इतिहास, 2 ओलंपिक मेडल जीतने वाली पहली भारतीय महिला खिलाड़ी बनी पीवी सिंधु

0
200

भारत की दिग्गज बैडमिंटन खिलाड़ी पीवी सिंधु ने टोक्यो ओलंपिक में एक इतिहास रच भारत का कद और बढ़ा दिया। टोक्यो ओलंपिक 2020 के बैडमिंटन एकल वर्ग में बिंग जियाओ को हरा कर ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम कर लिया और भारत की पहली ऐसी महिला एथलीट बन गई जिन्होंने लगातार दो ओलंपिक मेडल जीते है। पहलवान सुशील कुमार के बाद भारत की दूसरी एथलीट है इससे पहले उन्होंने रियो ओलंपिक में सिल्वर मेडल अपने नाम किया था। 52 मिनट के खेल में पीवी सिंधु ने ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम कर लिया, सिंधु ने बिंग जियाओ को कोई भी मौका न देते हुए दो सेट में मात देकर उन्होंने पहले सेट में जियाओ को 21 13 से मात दी थी, उसके बाद दूसरे सेट में 21 15 से जीत मिली और कांस्य पदक अपने नाम किया।

मेडल तक का सफर

पीवी सिंधु महज 8 वर्ष की उम्र से बैडमिंटन खेलना शुरू कर दिया था और उनके प्रेरणा उनके माता पिता और भाई बहन है अपने पिता को देख कर जोकि पूर्व बॉलीबाल खिलाड़ी रह चुके है और उन्हें अर्जुन अवार्ड से सम्मानित भी किया गया है, अपने घर में खेल का माहौल देखते हुए पीवी सिंधु भी खेल को अपना कैरियर चुना और शुरुवात में वो सिकंदराबाद में इंडियन रेल्वे इंस्टिट्यूट ऑफ़ सिग्नल इंजीनियरिंग एंड टेलीकम्यूनिकेशन में मेहबूब अली की देखरेख में की, इसके बाद उन्होंने पुलेला गोपीचंद (Pullela Gopichand) की बैडमिंटन अकादमी में दाखिला लिया। इनके कोच और साथियों से पता चलता है की पीवी सिंधु कभी भी हार नही मानती है और लगातार कोशिश करती रहती है।
पीवी सिंधु अपने पिछले ओलंपिक मैच रियो में सिल्वर मेडल जीता था और फिर वह और भी जोश और उत्साह के साथ तैयारी में लग गई थी जिसके उपरान्त 2020 टोक्यो ओलंपिक का हिस्सा बनी जो कोरोना के कारण 2021 में खेला जा रहा पहला मैच इनका 25 जुलाई को इज़राइल की क्सेनिया पोलिकर्पोवा के साथ था, इसके बाद अगला मैच होन्ग कोंग की चेउंग नगन यी के साथ था। ये दोनों में ही सिन्धु ने जीत हासिल की। इसी शानदार प्रदर्शन के चलते पीवी सिन्धु आज क्वार्टरफाइनल में पहुँच गई है। जी हां उन्होंने Mia Blichfeldt को प्री – क्वार्टर में हराकर क्वार्टरफाइनल में अपनी जगह बना ली है। यह मैच उन्होंने 21-15 से जीता।

शुरुवात से ही प्रदर्शन रहा अच्छा।

लगातार 6 मैचों में से एक मैच में हार का सामना करना पड़ा और बाकी का मैच जीत मेडल अपने नाम किया
पहला मैच क्सेनिया पोलिकर्पोवा(इजराइल) के साथ जिसमे 2-0 से जीत हासिल की
दूसरा चेयूंग नगन यि (हॉन्गकॉन्ग) के साथ इस मैच में भी इन्होंने 2-0 से जीता और तीसरा मैच मिया ब्लिचफील्ड (डेनमार्क) के साथ ये मैच भी 2-0 से जीता चौथा मैच क्वार्टर फ़ाइनल अकाने यामागुजी (जापान) के खिलाफ 2-0 से जीत हासिल की अपना पांचवा और सेमीफाइनल मुकाबला ताई जू यिंग (चीनी ताइपे) से 0-2 से हार गई और छठा और आखिरी मुकाबला बिंग जियाओ (चीन) के खिलाफ 2-0 से जीत लिया और इसी के साथ ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम कर लिया।

भारत का तीसरा मेडल

सबसे पहले टोक्यो ओलंपिक में भारत को वेटलिफ्टिंग में मीराबाई चानू ने सिल्वर मेडल भारत के लिए लाया था और दूसरा लवलीन ने बॉक्सिंग में पक्का कर लिया है क्योंकि अभी उनका मुकाबला हुआ नही है और तीसरा पीवी सिंधु ने बैडमिंटन में ब्रॉन्ज मेडल ला भारत के झोली में डाल दिया।

पीएम मोदी ने दी बधाई।

पीएम मोदी अपने ट्विटर अकाउंट पर सिंधु के साथ अपनी एक तस्वीर साझा करते हुए उन्हें बधाई से रहे उन्होंने लिखा ये भारत के लिए गर्व की बात है, उनके बाद सोशल मीडिया पर मोदी जी का एक वीडियो वायरल हो रहा जिसमे वह आइसक्रीम खाने की बात कर रहे। दरअसल टोक्यो ओलंपिक में भाग लेने से पहले पीएम मोदी खिलाड़ियों से बात चीत के दौरान पीवी सिंधु से कहा था की आप सफल होकर आइए हम आपके साथ आइसक्रीम खाऊंगा।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here