उत्तर प्रदेश के किसानों के बेहतरी के लिए योगी सरकार द्वारा किया गया “खेत तालाब योजना” का सुरुआत – किसानों को मिलेगा 50% तक का सब्सिडी

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योगी आदित्यनाथ की सरकार उत्तर प्रदेश के किसानों को लाभ पहुचाने के लिए हमेशा कोशिश करती आ रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाल ही में उत्तर प्रदेश के किसानों के बेहतरी के लिए एक नई योजना की शुरुआत की है। इस योजना का नाम “खेत तालाब योजना ” रखा गया है , इसके अंतर्गत सरकार चाहती है कि प्रत्येक किसान अपने- अपने खेतों के आसपास तालाब बनाए और उसे पानी के लिए प्रयोग करे जो किसान इस योजना के तहत अपने खेत के आसपास तालाब बनाकर रखेंगे उन्हें राज्य सरकार द्वारा सब्सिडी प्रदान की जाएगी ।इस योजना को लाने का उद्देश्य, यूपी सरकार का यह है ,कि किसानों से बरसात में होने वाले पानी को जमा करा कर के उनके खेतो में सिंचाई की मात्रा को बढ़ावा देने के लिए किया गया है ,जिससे कि किसानों को दोतरफ़ा फायदा मिल सके और बारिश के पानी का सही इस्तेमाल किया जा सके।

खेत तालाब योजना का मुख्य उद्देश्य

खेत तालाब योजना किसानों के लिए शुरु की गई है , इस योजना का मुख्य उद्देश्य पानी के सही उपयोग व पानी को बचाने का है ,जैसा की अक्सर देखने को मिलता है कि कभी 3-4 दिनों की लगातार बारिश की वजह से किसानों के फसल नष्ट हो जाते है फसलो को काफी नुक्सान भी हो जाता है ज़्यादा बारिश के कारण तो कई बार बारिश न होने के कारण फसलो की सिंचाई में भी दिक्कत आती है जिससे वजह से फसल सही तरीके से नहीं उग पाता और किसानों को भरी नुक्सान झेलना पड़ता है इन सभी मुद्दों को देखते हुए, सरकार ने इस योजना को किसानों के लिए लाया है जिसके अंतर्गत किसानों को अपने खेतों के आसपास छोटा तालाब बनाकर रखना होगा जिससे जब बारिश ज्यादा हो और खेतों में पानी भर जाए तो ज्यादा पानी को तालाब में स्टोर किआ जा सके और फसलो को पानी से ज्यादा नुकसान न हो और उसी तालाब के इकठ्ठा किये हुए बारिश के पानी का उपयोग किसान तब कर पाए जब उनको सिंचाई की जरुरत हो , इससे किसान की फसल भी सुरक्षित रहेगी और किसानों को सिचाई के लिए ज्यादा ट्यूबवेल का इस्तेमाल नहीं करना पड़ेगा । इसका एक और मुख्य उद्देश्य ग्राउंड वाटर लेवल को कम होने से बचाने का भी है , तालाबो में इकठ्ठा किये गए पानी से ग्राउंड वाटर का लेवल भी सही बना रहेगा।

इस योजना से जिन किसानो के पास सिंचाई के लिए उपयुक्त साधन जैसे की मोटर सुविधाए नही है जो की बिजली से चलती है और जहाँ बिजली की सुविधा सुचारू रूप से नहीं पहुच पा रही है उस स्थिति में सिचाई के लिए पानी की सुविधा देने के लिए तालाबो का बनवाया जाएगा ताकि सिंचाई के लिए किसानों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना ना करना पड़े। जो किसान आर्थिक समस्या के कारण तालाब नहीं बनवा सकते थे अब वे सभी इस योजना के अंतर्गत आवेदन करके अपने खेत में तालाब बना सकेंगे। इस योजना के लिए केंद्र सरकार ने 5 वर्षो में 50000 करोड़ रूपए का बजट निर्धारित किया है।

क्या होगा “खेत तालाब योजना” के अंतर्गत तालाब का आकार

प्लास्टिक लाइनिंग तालाब – 20×20×3 मीटर
प्लास्टिक लाइनिंग तालाब – 32×32×3 मीटर
प्लास्टिक लाइनिंग तालाब – 45×45×3 मीटर

इस योजना के कार्य छेत्र एवं लक्ष्य

प्रथम फेज- बुन्देलखंड के 7 जनपदों के सभी विकाशखंडो में 12.20 करोड़ रु पर 2000 तालाबो का निर्माण किआ जाएगा।
द्वितीय फेज- इसमें बुंदेलखंड के साथ साथ प्रदेश के 44 जनपदों में क्रिटिकल श्रेणी के विकासखंडों में 27.88 करोड़ रु पर 3384 तालाबो का निर्माण किआ जाएगा।

“खेत तालाब योजना” के लिए लाभार्थियों का चयन किस प्रकार किआ जाएगा जाने-

खेत तालाब योजना का लाभ लेने के लिए आवेदक को उत्तर प्रदेश का निवासी होना अनिवार्य होना चाहिए। SC, ST, अल्पसंख्यक और छोटे किसानों को प्राथमिकता दी जाएगी। इस योजना का लाभ एक परिवार के केवल एक ही किसान को मिलेगा।
इस योजना में वही किसान आवेदन कर सकेंगे जिनकी उम्र 18 साल से अधिक है। योजना का लाभ उठाने के लिए किसानों के पास बैंक अकाउंट होना जरुरी है और अकाउंट उनके आधार से लिंक होना जरुरी है। इस योजना के अंतर्गत किसानों को तालाब बनाने के लिए राज्य सरकार द्वारा 50% का सब्सिडी दिया जाएगा जो की डायरेक्ट बैंक ट्रांसफर के जरिये 3 चरणों में सीधे किसान के बैंक अकाउंट में राज्य सरकार द्वारा दिया जाएगा।
आवेदक को योजना का लाभ उठाने के लिए आधार कार्ड, निवास औए जाती प्रमाण पत्र, मोबाइल नंबर, वोटर आईडी कार्ड, फोटो, जमीन के कागजात और बैंक का पासबुक होना बहुत ही जरुरी है।

“खेत तालाब योजना” के क्या-क्या लाभ है जाने-

किसानों को इस योजना का सीधा लाभ मिल सकेगा। 50% के सब्सिडी के साथ किसानों को तालाब मिल सकेंगे जिससे उनके फसलो की पैदावार बढ़ेगी और फसल ज्यादा बारिश के वजह से अब नष्ट नही होंगे , ट्यूबवेल और बिजली पर किसान ज्यादा अब निर्भर न हो के अपने खुद के तालाब से पानी लेकर सिंचाई कर सकेंगे ,इस योजना के तहत ग्राउंड वाटर लेवल में बढ़त लाने की भी पूरी उम्मीद जताई जा रही है जो की दिन प दिन काम होता जा रहा है।

बुंदेलखंड में 100 दिनों में बनाए गए 1500 खेत तालाब

बुंदेलखंड उत्तर प्रदेश का वो इलाका है जहाँ सूखे की वजह से किसानों के फसल पे लगभग हमेशा असर पड़ता दिखता है, इस योजना के अंतर्गत प्रदेश सरकार का बुंदेलखंड के इलाको पे ज्यादा नजर बानी हुई है ताकि यहाँ की स्थिति में सुधार लाइ जा सके । प्रदेश सरकार का दावा है कि इस योजना के अंतर्गत योगी सरकार ने मात्र 100 दिनों में बुंदेलखंड में 1500 खेत तालाबो का निर्माण कर लिया है । यूपी सरकार के कृषि राज्य मंत्री रणवेंद्र प्रताप सिंह का कहना है कि सरकार ने बुंदेलखंड में 1000 खेत तालाब का लक्ष्य रखा था लेकिन समय के अंदर ही इस लक्ष्य से आगे बढ़ते हुए 1500 खेत तालाबो का निर्माण कराया जा चुका है। और इसका अच्छा लाभ भी देखने को मिल रहा है जिसके चलते ही सरकार ने पूरे प्रदेश में इस योजना की शुरुआत की और इस साल के 4480 खेत तालाबो के खुदाई का लक्ष्य रखा है।

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